भाजपा का चुनावी प्लान तेज: लखनऊ में जिलाध्यक्षों की बैठक, बूथ प्रबंधन पर खास फोकस
Meeting of District Presidents in Lucknow
लखनऊ। Meeting of District Presidents in Lucknow, बंगाल, असम और पुडुचेरी विधान सभा चुनाव में जीत से उत्साहित भाजपा पलभर भी कंफर्ट जोन में नहीं रहना चाहती। प्रदेश इकाई 11 और 12 मई को जिलाध्यक्षों के साथ लखनऊ में बैठक कर अभियानों की समीक्षा करेगी, वहीं आगे का होमवर्क भी देगी। बूथ प्रबंधन पर सबसे ज्यादा फोकस होगा।
प्रदेश भाजपा अध्यक्ष शुक्रवार को लखनऊ पहुंच जाएंगे। राष्ट्रीय संगठन का भी पूरा फोकस उत्तर प्रदेश और पंजाब के चुनाव पर है। पार्टी ने लखनऊ में 98 संगठनात्मक जिलों के अध्यक्षों को बुलाकर के लिए चुनावी जमीन मजबूत करने का प्लान बनाया है। पिछले दिनों पार्टी ने पहले नारी शक्ति वंदन अभियान चलाया।
बाद में संसद में विधेयक गिरने के बाद सभी मुख्यालयों पर महिला आक्रोश संभाएं की गईं, जिसमें सीएम योगी आदित्यनाथ, प्रदेश संगठन महामंत्री धर्मपाल एवं प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी कई स्थानों पर पहुंचे, वहीं प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी नेे वाराणसी में 50 हजार महिलाओं के साथ सभा कर यह संदेश देने का प्रयास किया कि कांग्रेस, सपा, तृणमूल कांग्रेस एवं डीएमके महिला विरोधी दल हैं।
दीन दयाल प्रशिक्षण अभियान जिलों में 31 मई तक चलना है। स्नातक चुनावों को देखते हुए फार्म भरे जा रहे हैं, वहीं बूध अध्यक्षों, शक्ति केंद्रों एवं प्रभारियों का सत्यापन होना है। साथ ही सपा केे पीडीए की काट के लिए जिलों की टीमों को जातीय समीकरण भी दुरुस्त रखना है।
मंत्रिमंडल का होगा विस्तार
यूजीसी को लेकर आक्रोश का पारा ढलने लगा है, जिसे नियंत्रित रखने का जिम्मा है। यूपी को साधने के लिए भाजपा शहरी निकायों में 2802 पार्षद मनोनीत कर चुकी है, जबकि बड़ी संख्या में पुराने चेहरों को बोर्ड, आयोग एवं निगम में समायोजित करने की योजना है। साथ ही मंत्रिमंडल के लिए एक महिला समेत दो पिछड़ा, एक दलित और दो ब्राहृमण चेहरों का नाम फाइनल कर लिया है।
प्रदेश संगठन में क्षेत्रीय संतुलन का पूरा ध्यान दिया जाना है, वहीं क्षेत्रीय संगठन में चेहरों के चयन पर सबसे ज्यादा होमवर्क करना होगा। संगठन की सभी इकाइयों का कनेक्ट जिलों से होगा, जहां से चुनावी तरंग जमीन तक उतारने का लक्ष्य होगा।